मध्यप्रदेश अनुसूचित जाति, जनजाति अधिकारी एवं कर्मचारी संघ (अजाक्स) भोपाल संभाग के अध्यक्ष बंशीलाल धनवाल ने बताया कि शिक्षा विभाग में वरिष्ठता को दर किनार रख, कनिष्ठ शिक्षकों को उच्च पदभार दिया ,1998 के शिक्षकों को तृतीय क्रमोन्नति वेतनमान का अभी तक लाभ नहीं दिया, समयमान वेतनमान का एरियर्स भुगतान अभी तक नहीं किया, दिनांक 01.01. 2024 केेेे बाद सेवानिवृत शिक्षकों का अर्जित अवकाश का भुगतान भी अभी तक लंबित है। अनुकंपा नियुक्ति के वर्तमान नियम सीधी भर्ती के नियमों जैसे हैं, इन्हें सरल बनाये जाए, सदन द्वारा एक प्रस्ताव पारित कर, शासन को भेजा जाए। जिला में आउटसोर्स पर कार्यरत कर्मियों के कार्य ,और उनका मासिक मानदेय भुगतान को लेकर बहुत दुर्दशा है , अतः समस्या सुधार की काफी जरूरत है। सदन में श्री धनवाल ने विशेष कर बात रखी कि यदि विभागीय स्तर पर परामर्शदात्री समिति की बैठक नियमित रूप से आयोजित होती रहे तो कर्मचारी-अधिकारियों की सेवा सम्बन्धि समस्याएं विभाग में ही हल हो जायेगी। इसलिए विभाग वार संयुक्त जिला परामर्शदात्री समिति की बैठके नियमित रूप से आयोजित किए जाने के निर्देश, सभी जिला विभाग प्रमुखों को दिए जाएं।
[वर्ष में चार बार संयुक्त परामर्शदात्री समिति की बैठक आयोजित करने के प्रावधान है]
कलेक्टर बालागुरु के. ने सभी समस्याओं को बड़ी गंभीरता से सुना और उनके समयावधि में निराकरण के निर्देश, संबंधित विभाग के अधिकारियों को दिए। साथ ही कहा कि अनुकंपा नियुक्ति के आवेदन प्रकरण, जिस विभाग में भी लंबित हो, उनका शीघ्र निराकरण करें।
बैठक में जिला के विभाग प्रमुखों की उपस्थिति प्रशंसनीय रही। साथ ही मध्यप्रदेश शासन से मान्यता प्राप्त संगठनों के प्रतिनिधियों सहित समिति सदस्य, एवं संभागीय अध्यक्ष बंशीलाल धनवाल , बाबूलाल मालवीय कार्यवाहक जिला अध्यक्ष अजाक्स , दिग्विजय सिंह राज्य लिपिक वर्ग कर्मचारी संगठन, म प्र राज्य कर्मचारी संघ, राज्य शिक्षक संघ, राज्य विनियमित कर्मचारी संगठन, राज्य वन कर्मचारी संघ, राज्य वेटेनरी कर्मचारी संघ, राज्य अध्यापक संघ आदि ओर कर्मचारी संघो के प्रतिनिधियो ने बैठक में बढ़ चढ़कर भाग लिया।